Friday, May 8, 2009

जिंदगी

आंसू का खजाना है मेरे पास
खुशी का जमाना भी देखा है
इसीलिए तो आखों में आंसू
पर दिल में मुस्कुराना सिखा है
ठोकरे खाकर गुनगुनाना जिंदगी है
दर्द पीकर मुस्कुराना जिंदगी है
जित के साथ तो कोई भी जी लेगा
हारकर जश्न मनाना जिंदगी है

No comments:

Post a Comment